

जबलपुर। सिहोरा के खितौला इलाके में इसाफ स्माल फायनेंस बैंक में हुई सनसनीखेज डकैती के मामले में पुलिस को एक और बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने बैंक डकैती का सोना छिपाकर रखने वाले मुख्य मददगार छोटू उर्फ सरमन मेहतो को बिहार के गया जिले से गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार आरोपी के कब्जे से 350 ग्राम सोना बरामद किया गया है जिसकी कुल कीमत 60 लाख रुपये आंकी गई है। इस कार्रवाई के बाद डकैती कांड के तार एक बार फिर तेजी से जुड़े हैं और मुख्य साजिशकर्ता सुनील पासवान के साथ छोटू मेहतो की संलिप्तता का खुलासा हुआ है। पुलिस इस पूरे नेटवर्क को खंगालने में जुटी है।
पूछताछ के बाद सामने आए कई बड़े राज़
15 जुलाई को खितौला के इसाफ स्माल फायनेंस बैंक में पांच हथियारबंद बदमाशों ने घुसकर आतंक मचाया था और बैंक से भारी मात्रा में सोना और नकदी लूट ली थी। इस मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी सुनील पासवान को पहले ही गिरफ्तार कर लिया था। पुलिस रिमांड के दौरान मुख्य आरोपी सुनील पासवान से पूछताछ की गई तो उसने बताया कि उसने अपने हिस्से का लूटा हुआ सोना बिहार के गया जिले के रहने वाले अपने साथी छोटू उर्फ सरमन मेहतो को दिया था। छोटू इस सोने को धीरे-धीरे ठिकाने लगा रहा था और बाकी बचा हुआ सोना उसी के पास सुरक्षित रखा हुआ था। इस खुलासे के बाद खितौला थाना प्रभारी चंद्रकांत झा के नेतृत्व में क्राइम ब्रांच और स्थानीय पुलिस की एक विशेष टीम बिहार के लिए रवाना हुई। पुलिस टीम ने मुख्य आरोपी सुनील पासवान को साथ लेकर बिहार पुलिस के सहयोग से शेरघाटी इलाके से छोटू उर्फ सरमन मेहतो को दबोच लिया। पुलिस की सख्ती के आगे आरोपी टूट गया और उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। छोटू मेहतो की निशानदेही और पूछताछ के आधार पर पुलिस ने उसके कब्जे से 350 ग्राम सोने के जेवरात बरामद किए जिनकी बाजार में अनुमानित कीमत 60 लाख रुपये है।
अब बाकी के माल की तलाश
इसके साथ ही पुलिस ने मुख्य आरोपी सुनील पासवान की निशानदेही पर बैंक डकैती की घटना में इस्तेमाल की गई एक देशी पिस्टल भी जब्त कर ली है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को रिमांड पर लिया और उन्हें लेकर जबलपुर पहुंच गई है। बैंक डकैती के इस बड़े मामले में अब तक की यह सबसे बड़ी बरामदगी मानी जा रही है। पुलिस अब यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि इस डकैती में इनके अन्य कौन-कौन से साथी शामिल थे और लूटे गए बाकी माल को कहां-कहां खपाया गया है।
