सीबीआई की रिमांड पर हैं आरोपी रेल अधिकारी, मेडिकल टेस्ट के लिए लाया गया अस्पताल

जबलपुर। पश्चिम मध्य रेलवे भोपाल रेल मंडल में पदस्थ उप मुख्य अभियंता नारायण सिंह बुंदेला को रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़े जाने के बाद विभाग द्वारा निलंबित कर दिया गया है। जबलपुर सीबीआई की टीम ने आरोपी को कोर्ट में पेश कर सोमवार तक की रिमांड पर लिया है, जिसके चलते रविवार को उनका स्वास्थ्य परीक्षण कराने विक्टोरिया अस्पताल लाया गया। पूरा मामला एक पुराने ठेके के भुगतान से जुड़ा हुआ है। ठेकेदार अभिषेक प्यासी ने वर्ष 2022 में सागर रेल खंड में गिट्टी डालने का 13 करोड़ 56 लाख रुपये का ठेका लिया था। इस काम के बदले ठेकेदार की 69 लाख रुपये की सिक्योरिटी मनी रेलवे के पास जमा थी और साथ ही बिल के 18 लाख रुपये का भुगतान भी बकाया था। इस रुकी हुई राशि को पास करने और सिक्योरिटी मनी वापस दिलाने के एवज में रेल अधिकारी नारायण सिंह बुंदेला ने ठेकेदार से 1 लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी।
ऐसे बन गया था जाल
गुरुवार को बुंदेला रेलवे ट्रैक के निरीक्षण के बहाने सागर पहुंचे थे और वहां के होटल पैराडाइज में ठहरे हुए थे। जैसे ही ठेकेदार अभिषेक प्यासी ने उन्हें होटल के कमरे में 1 लाख रुपये की रिश्वत दी, पहले से तैयार बैठी जबलपुर सीबीआई की टीम ने उन्हें रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद सागर स्थित रेलवे रेस्ट हाउस में की गई छापेमारी के दौरान सीबीआई को बुंदेला के पास से 55 हजार रुपये की अतिरिक्त नकदी भी बरामद हुई थी। इस बड़ी कार्रवाई के बाद रेलवे प्रशासन ने अधिकारी को सस्पेंड कर दिया है।
