
जबलपुर। कोतवाली थाना क्षेत्र में प्यूमा ब्रांड के नाम का गलत इस्तेमाल कर नकली उत्पाद बेचने वाले 2 थोक विक्रेताओं के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। एल्यूडीकेशन एडवोकेट्स एंड सॉलिसिटर्स लॉ फर्म के प्रतिनिधि मयंक शर्मा ने पुलिस को लिखित शिकायत दी थी कि शहर की कुछ दुकानों में प्यूमा के लोगो वाले नकली कपड़े और सामान बेचे जा रहे हैं। एसपी समीर उपाध्याय के निर्देश पर पुलिस टीम ने अंधेरदेव स्थित दुकानों पर छापेमारी की। इस दौरान अग्रवाल स्पोर्ट्स के संचालक जितेंद्र अग्रवाल और आरके बेल्ट के संचालक कमल मंगलानी के पास से भारी मात्रा में नकली माल बरामद हुआ। पुलिस ने 1 लाख 90 हजार रुपये मूल्य की सामग्री जब्त कर दोनों के खिलाफ कॉपीराइट अधिनियम की धारा 51 और 63 के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
नकली ब्रांड बेचकर ग्राहकों को दे रहे थे धोखा
कोतवाली थाना पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर अंधेरदेव जामा मस्जिद के पास स्थित दुकानों पर दबिश दी। कार्रवाई के दौरान अग्रवाल स्पोर्ट्स के संचालक जितेंद्र अग्रवाल की दुकान से 322 नग नकली लोअर, 116 टी-शर्ट और 80 सैंडो टी-शर्ट बरामद की गईं। वहीं पास ही स्थित आरके बेल्ट के संचालक कमल मंगलानी के पास से प्यूमा के लोगो वाली 155 कैप और 30 पर्स जब्त किए गए। पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे प्यूमा के नाम से नकली सामान बेच रहे थे। पुलिस ने सारा माल कब्जे में ले लिया है। इस पूरी कार्रवाई को अंजाम देने में प्रधान आरक्षक राकेश मूपन, आरक्षक दान सिंह, उमेश पटेल और अजय की टीम ने सक्रिय भूमिका निभाई।
कॉपीराइट कानून के तहत कार्रवाई
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि किसी भी प्रतिष्ठित कंपनी के नाम और लोगो का अनाधिकृत उपयोग करना गंभीर अपराध है। पकड़े गए दोनों दुकानदारों ने न केवल कंपनी के ट्रेडमार्क का उल्लंघन किया बल्कि ग्राहकों को भी ठगा है। जबलपुर पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि यह नकली माल उन्हें सप्लाई कौन कर रहा था। बरामद की गई सामग्री को सबूत के तौर पर सुरक्षित रख लिया गया है। पुलिस प्रशासन का कहना है कि शहर में ब्रांडेड सामान के नाम पर अवैध व्यापार करने वालों के खिलाफ आगे भी ऐसी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। क्षेत्र के अन्य दुकानदारों को भी हिदायत दी गई है कि वे किसी भी कंपनी के नाम का गलत इस्तेमाल न करें।
