
जबलपुर। भारतीय जनता पार्टी अनुसूचित जाति मोर्चा की नई कार्यकारिणी के गठन के कुछ ही घंटों बाद उसे भंग कर दिया गया है। जिला अध्यक्ष एडवोकेट संजीत अहिरवार ने यह कड़ा निर्णय संगठन में मचे भारी बवाल और असंतोष के बाद लिया है। कथित तौर पर सूची में उन लोगों को प्रमुख पदों पर जगह दी गई थी जिनका पुराना राजनीतिक इतिहास कांग्रेस से जुड़ा हुआ था। जिला कार्यकारिणी के उपाध्यक्ष मुकेश वंशकार, विमलेश चौधरी, अंशुल सोनकर, अनिल चौधरी, आशीष चदार, महामंत्री विजय सागर, अभिषेक दाहिया के अलावा मंत्री दीपक झारिया, मुकेश चौधरी, ब्रजेन्द्र मेहरा, द्रोपती चौधरी, राजेश अहिरवार, सतीश झारिया, कोषाध्यक्ष ललित चौधरी और सह कोषाध्यक्ष कैलाश झारिया को शामिल किया गया था। कार्य मंत्री अशोक पटेल, सह कार्यालय मंत्री आशीष झारिया समेत अन्य सदस्यों के चयन पर भी कार्यकर्ताओं ने गंभीर आपत्तियां दर्ज कराई थी।
विवादित चेहरों की सूची से कार्यकर्ताओं में उपजा आक्रोश
सूची सामने आते ही जमीनी स्तर के कार्यकर्ताओं ने मोर्चा खोल दिया। कार्यकर्ताओं का साफ मानना था कि वर्षों से पार्टी के लिए समर्पित लोगों की अनदेखी की गई और कांग्रेस से आए लोगों को सीधे अहम पदों पर बैठा दिया गया। इससे पार्टी की विचारधारा और अनुशासन को गंभीर खतरा पैदा हो गया था। जिला नेतृत्व को लगातार ऐसी शिकायतें मिल रही थी कि कार्यकारिणी में संदिग्ध गतिविधियों वाले लोगों को जगह दी गई है जिससे संगठन की साख प्रभावित हो रही थी। दबाव इतना अधिक था कि जिला अध्यक्ष को तत्काल प्रभाव से पूरी कार्यकारिणी को निरस्त करना पड़ा। इस कार्रवाई ने स्पष्ट कर दिया है कि भाजपा अब किसी भी हाल में बाहरी हस्तक्षेप या अनुशासनहीनता को बर्दाश्त नहीं करेगी और संगठन का ढांचा सिर्फ पार्टी के प्रति निष्ठावान लोगों के भरोसे ही खड़ा रहेगा।
भोपाल के मार्गदर्शन से अब होगा नया गठन
अब जिला इकाई पूरी प्रक्रिया को नए सिरे से शुरू करने की तैयारी कर रही है। इस विषय पर प्रदेश अध्यक्ष भगवान सिंह परमार से चर्चा की जाएगी और उनके मार्गदर्शन के बाद ही भविष्य की रणनीति तय होगी। पार्टी का स्पष्ट संदेश है कि अगली नियुक्तियों में बैकग्राउंड वेरिफिकेशन को सबसे ज्यादा प्राथमिकता दी जाएगी। नए चेहरों के चयन में अनुभव और पार्टी के प्रति अटूट निष्ठा को आधार बनाया जाएगा। संगठन अब पुरानी गलतियों को दोहराने के बजाय अनुभवी कार्यकर्ताओं को आगे लाने की योजना बना रहा है ताकि आगामी समय में पार्टी को और अधिक मजबूती मिल सके। गलत गतिविधियों में शामिल लोगों को पूरी तरह से बाहर रखकर संगठन के अनुशासन को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। नई नियुक्तियों की सूची बहुत जल्द जारी की जाएगी।
