
जबलपुर। जिले के शहपुरा में रविवार रात 12 बजे ऑइल डिपो चेक प्वाइंट पर तैनात हवलदार लखन निषाद पर थाना प्रभारी प्रवीण धुर्वे ने अपने सरकारी वाहन चालक के साथ मिलकर हमला कर दिया। नो-एंट्री में फंसे एक पूजन सामग्री वाले ट्रक चालक को हवलदार द्वारा टीआई का मोबाइल नंबर देने पर यह विवाद भड़का। मौके पर पहुंचे टीआई ने गाली-गलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी, जबकि चालक ने लखन को पीछे से जकड़ रखा था। इस हमले में हवलदार का दांत टूट गया, होंठ कट गया, आंख के पास चोट आई और बाएं हाथ में फ्रैक्चर हो गया। घटना के बाद टीआई गाड़ी लेकर चले गए और घायल हवलदार को शहपुरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से मेडिकल अस्पताल रेफर किया गया।
नो-एंट्री में ट्रक रोकने पर बढ़ा सारा विवाद
शहपुरा ऑइल डिपो तिराहे पर भारी वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित होने के कारण कतार लगी थी। पूजन सामग्री लेकर पहुंचे वाहन चालक ने आगे निकलने के लिए ड्यूटी पर मौजूद पुलिसकर्मी से दबाव बनाया। उसने वरिष्ठ अधिकारियों से बात कराने की जिद ठानी। लगातार आग्रह के बाद लखन ने अपने थानेदार का संपर्क सूत्र उसे थमा दिया। चालक ने तुरंत फोन लगाकर गाड़ी आगे बढ़ाने की अनुमति मांगी। आधी रात को अनजान व्यक्ति का फोन आने से नाराज अफसर ने पूछा कि यह संपर्क किसने उपलब्ध कराया है। वाहन चालक ने सामने खड़े सुरक्षाकर्मी का हवाला दे दिया। यह सुनते ही टीआई भारी गुस्से में आ गए और फौरन स्थल का रुख किया।
मारपीट के बाद घायल सिपाही अस्पताल में भर्ती
थाना प्रभारी अपनी गाड़ी से उतरते ही आगबबूला हो गए और उन्होंने सीधे हमला बोल दिया। उनके वाहन चालक ने हवलदार को दोनों हाथों से जकड़ लिया, ताकि वह अपना बचाव न कर सके। ताबड़तोड़ चले घूंसों से लखन लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़े। आसपास खड़े अन्य चालकों में अफरा-तफरी मच गई। घटना को अंजाम देने के बाद दोनों पुलिसकर्मी अपने वाहन में बैठकर रवाना हो गए। अन्य राहगीरों की मदद से लखन स्थानीय प्राथमिक केंद्र पहुंचे, जहां से डॉक्टरों ने गंभीर हालत देखते हुए बड़े अस्पताल भेज दिया। वहां उनका उपचार जारी है और विभागीय स्तर पर इस घटनाक्रम की पूरी रिपोर्ट तैयार की जा रही है।
