
मॉडल रोड लॉयड गैलरी के पास अंतरराज्यीय तस्कर को किया गिरफ्तार, 5 लाख से अधिक की सामग्री बरामद
जबलपुर। शहर में अवैध नशे के नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत क्राइम ब्रांच और थाना मदनमहल पुलिस की संयुक्त टीम को बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस अधीक्षक सम्पत उपाध्याय द्वारा सभी राजपत्रित अधिकारियों और थाना प्रभारियों को मादक पदार्थों की तस्करी पर कड़ी नजर रखने के निर्देश दिए गए थे। इसी आदेश के पालन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर डॉ. आयुष जाखड़, नगर पुलिस अधीक्षक कोतवाली अखिलेश गौर और डीएसपी क्राइम उदयभान बागरी के दिशा-निर्देशन में एक अंतरराज्यीय गांजा तस्कर को रंगे हाथ दबोचा गया।
थाना प्रभारी मदनमहल उमेश यादव के अनुसार 12-09-26 की रात्रि को क्राइम ब्रांच को सटीक मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई थी। सूचना में बताया गया कि मॉडल रोड लॉयड गैलरी के सामने एक संदिग्ध व्यक्ति बस से उतरा है। उसके पास नीले और हरे रंग के दो बैग हैं और उसकी गतिविधियां संदिग्ध नजर आ रही हैं। तत्काल कार्रवाई करते हुए संयुक्त टीम ने बताए गए स्थान पर घेराबंदी कर दबिश दी और संदिग्ध व्यक्ति को हिरासत में ले लिया।
पूछताछ में पकड़े गए व्यक्ति ने अपना नाम रवि कुमार पिता बबन ओझा, उम्र 50 वर्ष बताया। वह मूल रूप से ग्राम इस्माइलपुर, थाना मेहंदिया, जिला अरवल, बिहार का निवासी है तथा वर्तमान में बस स्टैंड के पास, झारसुगुड़ा, जिला झारसुगुड़ा, उड़ीसा में रह रहा था। पुलिस टीम द्वारा उसके दोनों बैगों की तलाशी लेने पर हरे रंग के बैग से 5 पैकेट और नीले रंग के बैग से 5 पैकेट गांजा बरामद हुआ।
एनडीपीएस एक्ट के कानूनी प्रावधानों के तहत तौल कराने पर कुल 10 किलो 168 ग्राम गांजा पाया गया, जिसका अनुमानित बाजार मूल्य लगभग 5 लाख 8 हजार 400 रुपये आंका गया है। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह पाटन रोड जबलपुर के पास रहने वाले मलखान नाम के व्यक्ति के साथ बस से आया था। मलखान ने उसे तीन पत्ती बस स्टैंड पर मिलने की बात कही थी और स्वयं कुछ दूरी पहले ही उतर गया था। आरोपी ने गांजे के पूरे नेटवर्क की जानकारी मलखान के पास होना स्वीकार किया है।
पुलिस ने आरोपी के पास से 10 किलो 168 ग्राम गांजा, 1 एंड्राइड मोबाइल फोन और दोनों बैग जब्त कर धारा 8/20 एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया है। इस सफल कार्रवाई में थाना प्रभारी अपराध शैलेष मिश्रा के निर्देशन में सहायक उप निरीक्षक नरेश पासी, प्रधान आरक्षक राजेश पांडे, अखिलेश पांडे, आरक्षक गोविन्द राय, चौकी प्रभारी बस स्टैंड उप निरीक्षक जगन्नाथ यादव, प्रधान आरक्षक नवीन झारिया, आरक्षक लक्ष्मी, दीपक, अभिषेक, आयुष, साइबर सेल के उप निरीक्षक कपूर सिंह मरावी और आरक्षक शशांक तिवारी की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
जिला बदर आदेश का उल्लंघन करने वाला शातिर बदमाश गिरफ्तार
कैंट थाना क्षेत्र के संजय गांधी नगर में दबिश देकर पुलिस ने आरोपी बाबू पासी को भेजा जेल
जबलपुर। आपराधिक गतिविधियों पर नियंत्रण बनाए रखने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस द्वारा की जाने वाली निरोधात्मक कार्रवाई के तहत कैंट थाना पुलिस ने एक फरार बदमाश को पकड़ने में कामयाबी हासिल की है। आरोपी के खिलाफ पूर्व से जारी जिला बदर आदेश का उल्लंघन करने पर यह कानूनी कार्रवाई की गई है।
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार थाना कैंट क्षेत्र के बागड़ी मोहल्ला, संजय गांधी नगर निवासी अखिलेश पासी उर्फ बाबू पासी पिता स्व. नंदलाल पासी, उम्र 35 वर्ष, एक कुख्यात और आदतन आपराधिक प्रवृत्ति का व्यक्ति है। उसके विरुद्ध विभिन्न धाराओं में कई गंभीर अपराध पंजीबद्ध हैं, जो वर्तमान में न्यायालय में विचाराधीन चल रहे हैं। क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने और उसकी आपराधिक हरकतों पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से पुलिस प्रशासन द्वारा उसके खिलाफ जिला बदर का प्रकरण तैयार कर जिला दंडाधिकारी जबलपुर के समक्ष प्रस्तुत किया गया था।
जिला दंडाधिकारी जबलपुर ने मामले की गंभीरता को देखते हुए 27-07-2026 को आदेश पारित किया था। इस आदेश के तहत अखिलेश पासी उर्फ बाबू पासी को 6 माह की अवधि के लिए प्रत्येक माह की 5 और 25 तारीख को अनिवार्य रूप से थाना कैंट में उपस्थित होकर अपनी हाजिरी दर्ज कराने का निर्देश दिया गया था। पुलिस द्वारा इस आदेश की विधिवत तामीली 14-8-26 को आरोपी को करा दी गई थी।
इसके बावजूद आरोपी ने प्रशासनिक आदेश की खुलेआम अवहेलना की। वह 25-8-26 और इसके बाद 5-9-26 को बिना किसी पूर्व सूचना अथवा वैध कारण के थाने में हाजिरी देने उपस्थित नहीं हुआ। आदेश का उल्लंघन पाए जाने पर कैंट पुलिस उसकी तलाश में जुट गई।
दिनांक 12-9-26 की रात्रि को मुखबिर से पुख्ता खबर मिली कि आरोपी अपने घर के आसपास देखा गया है। सूचना के आधार पर पुलिस बल ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बागड़ी मोहल्ला, संजय गांधी नगर स्थित उसके निवास के पास घेराबंदी कर दबिश दी और अखिलेश पासी उर्फ बाबू पासी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध धारा 223 (ए) बीएनएस तथा 14 मध्य प्रदेश राज्य सुरक्षा अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर उसे न्यायालय में प्रस्तुत किया है।
सेवानिवृत्त एलआईसी कर्मचारी के खाते से उड़ाए 3 लाख 97 हजार
मंडला प्रवास के दौरान अज्ञात साइबर ठग ने लगाई बैंक ऑफ इंडिया खाते में चपत, गढ़ा थाने में मामला दर्ज
जबलपुर। डिजिटल बैंकिंग के बढ़ते उपयोग के बीच ऑनलाइन धोखाधड़ी की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। इसी कड़ी में गढ़ा थाना क्षेत्र अंतर्गत एक सेवानिवृत्त कर्मचारी के बैंक खाते से लाखों रुपये पार करने का गंभीर मामला सामने आया है। अज्ञात जालसाज ने पीड़ित की अनुपस्थिति में चार दिनों के भीतर खाते से भारी रकम ट्रांसफर कर ली।
गढ़ा पुलिस के अनुसार प्रेमनगर निवासी 63 वर्षीय शैलेष तिवारी ने 12-9-26 की रात थाने पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई। पीड़ित ने बताया कि वह भारतीय जीवन बीमा निगम से सेवानिवृत्त कर्मचारी हैं। पारिवारिक कार्य के सिलसिले में वह 7-7-26 को अपने पैतृक गांव मंडला गए हुए थे, जहां उनके मकान का निर्माण कार्य चल रहा था।
दिनांक 15-7-26 को उन्होंने अपनी पत्नी रश्मि तिवारी से इनकम टैक्स रिटर्न संबंधी चेक के भुगतान के बारे में जानकारी मांगी। पत्नी ने जब अपने मोबाइल फोन पर फोनपे एप्लिकेशन के जरिए बैंक बैलेंस की जांच की, तो खाते से अप्रत्याशित रूप से बड़ी राशि कटी हुई दिखाई दी। खाते में गड़बड़ी का अंदेशा होते ही शैलेष तिवारी तुरंत मंडला से जबलपुर लौटे।
जबलपुर आकर उन्होंने बैंक ऑफ इंडिया की मदनमहल शाखा में संपर्क किया और अपने खाते का विस्तृत स्टेटमेंट निकलवाया। स्टेटमेंट की जांच करने पर उनके होश उड़ गए। विवरण से स्पष्ट हुआ कि 11-7-26 से 14-7-26 के बीच अज्ञात साइबर ठग ने उनके खाते में सेंध लगाकर अलग-अलग किस्तों में कुल 3 लाख 97 हजार रुपये अन्य खातों में ट्रांसफर कर लिए थे।
पीड़ित को इस पूरे वित्तीय लेन-देन की कोई पूर्व जानकारी अथवा ओटीपी अलर्ट समय पर समझ नहीं आ सका। अज्ञात जालसाज द्वारा की गई इस ऑनलाइन ठगी की पुष्टि होने के बाद पीड़ित ने पुलिस की शरण ली। गढ़ा थाना पुलिस ने शैलेष तिवारी की रिपोर्ट पर अज्ञात आरोपी के विरुद्ध धारा 318(4) बीएनएस के तहत अपराध पंजीबद्ध कर लिया है। पुलिस अब संबंधित बैंक खातों और तकनीकी साक्ष्यों की मदद से आरोपी का पता लगाने का प्रयास कर रही है।
व्हाट्सएप हैक कर भाई के नाम से की 45 हजार रुपये की ठगी
माढ़ोताल क्षेत्र के इंजीनियर बने साइबर जालसाज का शिकार, फर्जी संदेश भेजकर कराई यूपीआई पेमेंट
जबलपुर। रिश्तेदारों और परिचितों के सोशल मीडिया अकाउंट हैक कर आपात स्थिति के नाम पर रुपये ऐंठने वाले साइबर अपराधियों ने माढ़ोताल थाना क्षेत्र में एक इंजीनियर को अपना निशाना बनाया है। जालसाज ने चचेरे भाई का मोबाइल हैक कर व्हाट्सएप के माध्यम से मदद मांगते हुए हजारों रुपये की चपत लगा दी।
माढ़ोताल पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार श्रीराम कॉलेज के पास, दीक्षित कॉलोनी निवासी नीतेश कुमार राठौर, उम्र 37 वर्ष, जो पेशे से एक इंजीनियर हैं, ने 12-9-26 को थाने में शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि 1-8-26 को उनके व्हाट्सएप पर उनकी बुआ के बेटे राजेश राठौर के मोबाइल नंबर से एक संदेश प्राप्त हुआ।
उस संदेश में सामने वाले ने स्वयं को आवश्यक कार्य में उलझा बताकर तुरंत 45 हजार रुपये की मांग की। पारिवारिक संबंध और भाई की आवश्यकता को देखते हुए नीतेश कुमार राठौर ने बिना किसी संदेह के फोनपे माध्यम से बताए गए यूपीआई पर तत्काल 45 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए।
पैसे भेजने के कुछ ही देर बाद उनके दूसरे भाई नितिन राठौर का फोन नीतेश के पास आया। नितिन ने उनसे पूछा कि क्या उनके पास भी राजेश के नंबर से पैसे मांगने का कोई संदेश आया है। इस पर नीतेश ने बताया कि संदेश आने के बाद वे 45 हजार रुपये पहले ही भेज चुके हैं। नितिन ने तत्काल जानकारी दी कि राजेश का मोबाइल किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा हैक कर लिया गया है और सभी परिचितों को ठगने की नीयत से फर्जी संदेश भेजे जा रहे हैं।
सच्चाई सामने आने पर इंजीनियर नीतेश राठौर को अपने साथ हुई साइबर ठगी का एहसास हुआ। अज्ञात व्यक्ति ने तकनीकी चालाकी से रिश्तेदार की पहचान का दुरुपयोग करते हुए उन्हें वित्तीय नुकसान पहुंचाया। माढ़ोताल पुलिस ने पीड़ित नीतेश राठौर की शिकायत पर अज्ञात साइबर अपराधी के खिलाफ धारा 318(4) बीएनएस के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली है। पुलिस की साइबर टीम ट्रांजैक्शन आईडी और संबंधित बैंक खाते की जांच में जुटी है।
अज्ञात लिंक पर क्लिक करते ही शिक्षक के खाते से निकले 64 हजार रुपये
ग्वारीघाट क्षेत्र के नवोदय विद्यालय शिक्षक के साथ ऑनलाइन फ्रॉड, दो बार में कटी रकम
जबलपुर। मोबाइल पर आने वाले अज्ञात वेब लिंक पर क्लिक करना कितना घातक हो सकता है, इसका ताजा उदाहरण ग्वारीघाट थाना क्षेत्र में देखने को मिला है। एक शिक्षक के मोबाइल पर आई अनजान लिंक को खोलते ही उनके बैंक खाते से मिनटों में हजारों रुपये पार हो गए।
ग्वारीघाट पुलिस के अनुसार भीमनगर निवासी 57 वर्षीय प्रमोद कुमार पासी ने 12-9-26 को थाने में उपस्थित होकर धोखाधड़ी की रिपोर्ट दर्ज कराई। पीड़ित प्रमोद कुमार पासी वर्तमान में जिला कटनी के बड़वारा स्थित जवाहर नवोदय विद्यालय में शिक्षक के पद पर पदस्थ हैं।
शिकायत में उन्होंने बताया कि 7-9-26 को उनके व्हाट्सएप पर एक अज्ञात मोबाइल नंबर से एक अनजान लिंक भेजी गई थी। बिना किसी खतरे का अंदेशा किए उन्होंने जैसे ही उस लिंक पर क्लिक किया, उनका मोबाइल फोन संदिग्ध रूप से काम करने लगा। इसके कुछ ही समय बाद उनके मोबाइल पर बैंक से पैसे कटने के लगातार 2 मैसेज प्राप्त हुए।
मैसेज के अनुसार उनके सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया के खाते से पहले 50 हजार रुपये और फिर 14 हजार रुपये निकाले जाने की सूचना थी। अचानक खाते से 64 हजार रुपये कटने की जानकारी मिलते ही वह स्तब्ध रह गए। उन्होंने तुरंत अपनी बैंक शाखा जाकर खाते का स्टेटमेंट निकलवाया, जिससे यह पूरी तरह स्पष्ट हो गया कि कुल 64 हजार रुपये की राशि अज्ञात व्यक्ति द्वारा अनाधिकृत रूप से निकाल ली गई है।
साइबर अपराधी ने लिंक के माध्यम से मोबाइल का एक्सेस लेकर या बैंकिंग सुरक्षा से खिलवाड़ कर इस वारदात को अंजाम दिया। पीड़ित शिक्षक की रिपोर्ट पर ग्वारीघाट पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ धारा 318(4), 319(2) और 308 बीएनएस के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर लिया है। पुलिस अधिकारियों ने नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी अज्ञात नंबर से आए लिंक, लॉटरी या ऑफर वाले संदेशों पर कतई क्लिक न करें।
ट्रायल के बहाने ट्रैक्टर ले जाकर मिस्त्री ने चोरी किए पार्ट्स और 35 लीटर डीजल
पाटन थाना क्षेत्र के पेट्रोल पंप से गायब हुआ वाहन, खेत में लावारिस हालत में मिला
जबलपुर। ट्रैक्टर की मरम्मत और ट्रायल के नाम पर वाहन के महत्वपूर्ण पार्ट्स और डीजल चोरी करने की एक अनूठी वारदात पाटन थाना क्षेत्र में सामने आई है। मिस्त्री बनकर आए एक व्यक्ति ने किसान को झांसा देकर उसका ट्रैक्टर उड़ाया और बाद में सामान निकालकर वाहन को खेत में लावारिस छोड़ दिया।
पाटन पुलिस के अनुसार ग्राम कटरा बेलखेड़ा निवासी 27 वर्षीय राजेन्द्र सिंह लोधी ने 13-9-26 को थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। पीड़ित ने बताया कि वह पेशे से किसान है। दिनांक 12-9-26 को दोपहर लगभग 3 बजे वह अपने काम से कटरा बेलखेड़ा स्थित इंडियन ऑयल के पेट्रोल पंप पर मौजूद था।
उसी दौरान मायरा ऑटोमोबाइल कंपनी का एक मिस्त्री, जिसका नाम राजेन्द्र नहीं जानता था, वहां पहुंचा। मिस्त्री ने वाहन की जांच करने और ट्रायल लेने की बात कहते हुए किसान से ट्रैक्टर चलाने के लिए मांगा। राजेन्द्र सिंह लोधी उसके झांसे में आ गया और ट्रायल के लिए ट्रैक्टर ले जाने दिया। काफी समय बीत जाने के बाद भी जब मिस्त्री ट्रैक्टर लेकर वापस नहीं लौटा, तो किसान ने उसकी खोजबीन शुरू की।
खोजबीन के दौरान उसे सूचना मिली कि उसका ट्रैक्टर ग्राम बजरंगगढ़ के पास स्थित आमखेड़ा के एक खेत में लावारिस खड़ा हुआ है। किसान जब मौके पर पहुंचा तो ट्रैक्टर की हालत देखकर दंग रह गया। शातिर मिस्त्री ने ट्रैक्टर से बैटरी, इंजन ऑयल, हाइड्रोलिक ऑयल, हिच, डावर पट्टी, 2 हिच के खीला और टैंक में भरा हुआ 35 लीटर डीजल पार कर दिया था।
किसान ने आरोप लगाया कि मायरा ऑटोमोबाइल कंपनी के मिस्त्री ने योजनाबद्ध तरीके से सामान चोरी किया है। साथ ही पीड़ित ने कटरा निवासी राहुल लोधी पर इस चोरी में मिस्त्री का साथ देने की गंभीर शंका जताई है। पाटन पुलिस ने राजेन्द्र सिंह लोधी की शिकायत पर आरोपियों के विरुद्ध धारा 303(2) बीएनएस के तहत चोरी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
शराब के लिए 2 हजार रुपये न देने पर ई-रिक्शा चालक ने की गाली-गलौज
अधारताल क्षेत्र में यात्री को सुनसान रास्ते ले जाकर दी जान से मारने की धमकी, वाहन छोड़कर भागा आरोपी
जबलपुर। देर रात बस स्टैंड से घर लौट रहे एक यात्री के साथ ई-रिक्शा चालक द्वारा शराब पीने के लिए अड़ीबाजी करने और पैसे न देने पर जान से मारने की धमकी देने का मामला अधारताल थाना क्षेत्र में दर्ज किया गया है। लोगों के एकत्रित होने पर आरोपी अपना वाहन मौके पर ही छोड़कर फरार हो गया।
अधारताल पुलिस के अनुसार जयप्रकाश नगर निवासी 44 वर्षीय राजकुमार कनौजिया ने 13-9-26 को थाने में उपस्थित होकर घटना की लिखित शिकायत दर्ज कराई। पीड़ित ने बताया कि वह विभिन्न स्थानों पर सोलर पैनल लगाने का कार्य करता है। वर्तमान में उसका कार्य जिला मैहर के होटल कासनी में चल रहा था।
कार्य समाप्त कर वह 13-9-26 को मैहर से बस में सवार होकर जबलपुर आया। रात लगभग 11 बजे वह दीनदयाल चौक बस स्टैंड पर उतरा और अपने घर जयप्रकाश नगर जाने के लिए 100 रुपये तय करके एक ई-रिक्शा में बैठा। जब रिक्शा गोहलपुर चौराहे के पास पहुंचा, तो चालक ने शार्टकट का बहाना बनाते हुए कहा कि अमखेरा के रास्ते से ले चलता हूँ, वहां से जल्दी पहुंच जाएंगे।
रात लगभग 11:48 बजे सुराही बिल्डिंग शनि मंदिर के सामने पहुंचते ही चालक ने अचानक रिक्शा रोक दिया। उसने राजकुमार कनौजिया से शराब पीने के लिए 2 हजार रुपये की जबरन मांग शुरू कर दी। जब पीड़ित ने पैसे देने से साफ इनकार किया, तो चालक उग्र हो गया और अभद्र गाली-गलौज करने लगा। चालक ने अपना नाम असद मंसूरी बताते हुए धमकी दी कि यदि पैसे नहीं दिए तो वह उसे जान से खत्म कर देगा।
घबराए यात्री ने मदद के लिए जोर-जोर से शोर मचाना शुरू कर दिया। चीख-पुकार सुनकर आसपास के स्थानीय लोगों को अपनी ओर आता देख आरोपी असद मंसूरी घबरा गया और अपना ई-रिक्शा क्रमांक MP 20 ZF 9810 सड़क पर ही छोड़कर अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से भाग निकला। अधारताल पुलिस ने राजकुमार कनौजिया की रिपोर्ट पर आरोपी असद मंसूरी के विरुद्ध धारा 296(b), 119(1), 351(2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर ई-रिक्शा जब्त कर लिया है और आरोपी की तलाश जारी है।
