गाँव के बिगड़ते माहौल को बचाने सड़कों पर उतरीं जागरूक माँ-बहनें, बच्चों की पढ़ाई लिखाई पर पड़ रहा प्रतिकूल असर

जबलपुर। पाटन विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम नीची की ग्रामीण महिलाओं ने मंगलवार को जबलपुर पुलिस अधीक्षक कार्यालय में उपस्थित होकर एक सामूहिक शिकायत दर्ज कराई। पड़ोसी गाँव की उपसरपंच और प्रख्यात समाजसेवी डॉ. सीता साहू के मार्गदर्शन में 12 से अधिक पीड़ित महिलाएँ अपने छोटे बच्चों के साथ इस जनसुनवाई में अपनी समस्या लेकर पहुँची थीं। इन महिलाओं ने दो टूक शब्दों में अधिकारियों से कहा कि वे लाड़ली बहना योजना के तहत मिलने वाली वित्तीय सहायता को छोड़ने के लिए तैयार हैं, बशर्ते उनके क्षेत्र से इस अवैध कारोबार का पूरी तरह खात्मा किया जाए। इस महत्वपूर्ण प्रशासनिक शिकायत को दर्ज कराने में मुख्य रूप से दिशा गौड़, पुष्पा रैकवार, पूजा गौड़, सपना, शिवानी अख्तर, पूजा, भावना, प्रीमा भारती, निशा, माया और गीता सहित गाँव की अन्य सजग महिलाएँ शामिल रहीं।
बच्चों की शिक्षा और घरेलू सुरक्षा पर गहरा संकट
ग्रामीणों द्वारा दिए गए आवेदन के अनुसार, स्थानीय शासकीय स्कूल के ठीक सामने और रिहाइशी मकानों के पास खुलेआम अवैध शराब परोसी जा रही है। इस वजह से स्कूली छात्र और कम उम्र के लड़के तेजी से इस बुरी लत का शिकार बन रहे हैं, जिससे उनका पूरा भविष्य अंधकार में डूब रहा है। महिलाओं ने सीधे तौर पर मनोज चादर नामक स्थानीय व्यक्ति को इस अवैध धंधे का मुख्य संचालक बताते हुए नामजद शिकायत की है। गाँव के अधिकांश पुरुष इस अवैध शराब के कारण गंभीर नशे के आदी हो चुके हैं, जो देर रात घर लौटकर महिलाओं और बच्चों के साथ हिंसक मारपीट करते हैं। इस असहनीय प्रताड़ना और रोज-रोज के पारिवारिक कलह से तंग आकर ही महिलाओं को यह कठोर कदम उठाना पड़ा। उपस्थित पीड़ित परिवारों ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि इस अवैध ठिकाने को तत्काल नष्ट कर दोषियों को जेल भेजा जाए।
