
घमापुर थाने में पीड़ितों की शिकायत पर धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज
जबलपुर। बेरोजगार युवाओं को कलेक्ट्रेट और अन्य सरकारी विभागों में नौकरी लगवाने का झांसा देकर लाखों रुपए ऐंठने वाले एक सहायक शिक्षक के खिलाफ पुलिस ने धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है। विदिशा जिले में पदस्थ सहायक शिक्षक ने बड़े नेताओं और अधिकारियों से संबंध होने का दावा कर युवाओं से करीब 29 लाख रुपए ऐंठ लिए। नौकरी न मिलने पर जब पीड़ितों ने अपनी रकम वापस मांगी तो आरोपी उन्हें धमकाने लगा और संपर्क बंद कर दिया। घमापुर पुलिस ने शिकायत की जांच के बाद आरोपी शिक्षक के खिलाफ आपराधिक धाराओं में मामला दर्ज किया है। पुलिस के अनुसार घमापुर स्थित सिद्धबाबा शिव शक्ति मंदिर के पास रहने वाले 24 वर्षीय अभिनव सेन ने शिकायत दर्ज कराई कि वह क्षेत्र में रहने वाली राखी बंसल के बच्चों को ट्यूशन पढ़ाता था। बातचीत के दौरान राखी ने बताया कि वह भोपाल में आयोजित शिक्षक पात्रता परीक्षा के प्रदर्शन में शामिल होने गई थी। वहां उसकी मुलाकात विदिशा स्थित सुमेरदांगी शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में पदस्थ सहायक शिक्षक गिरजेश सिंह राजपूत से हुई थी। गिरजेश ने दावा किया था कि उसकी उच्च स्तर पर अच्छी पहचान है और वह कई लोगों की सरकारी नौकरी लगवा चुका है।
इसके बाद अभिनव ने राखी से शिक्षक का नंबर लेकर संपर्क किया। आरोपी गिरजेश सिंह राजपूत ने अभिनव को झांसा दिया कि जबलपुर कलेक्ट्रेट में ग्रेड 1 के पद पर भर्ती निकली है और वह उसका चयन करवा देगा। इस एवज में आरोपी ने अभिनव से 3 लाख 52 हजार रुपए ले लिए। लंबे समय तक नौकरी न लगने पर जब अभिनव ने रुपए वापस मांगे तो आरोपी टालमटोल करने लगा और बाद में उसका नंबर ब्लॉक कर दिया। जांच में सामने आया कि आरोपी ने इसी तरह का झांसा देकर अस्मिता बंसल, मोहनीश, रजनीश सहित अन्य बेरोजगारों से भी रकम वसूली थी। आरोपी ने कुल 29 लाख रुपए की राशि हड़प ली। पुलिस ने सभी पीड़ितों के विस्तृत बयान दर्ज कर आरोपी शिक्षक की गिरफ्तारी के प्रयास शुरू कर दिए हैं।
