
जबलपुर। पश्चिम मध्य रेलवे मुख्यालय जबलपुर के कार्मिक विभाग द्वारा आज जारी आदेश के अंतर्गत भोपाल और कोटा रेल मंडल के वरिष्ठ वाणिज्य प्रबंधकों की कार्यप्रणाली में फेरबदल किया गया है। सक्षम अधिकारी की स्वीकृति के बाद भारतीय रेलवे यातायात सेवा संवर्ग के अफसर पंकज कुमार दुबे को भोपाल से कोटा भेजा गया है, जबकि कोटा में तैनात डीसीएम किशोर कुमार पटेल को भोपाल मंडल की नई जिम्मेदारी सौंपी गई है। सहायक कार्मिक अधिकारी राजपत्रित किशोर कुमार बोरसी के डिजिटल हस्ताक्षरयुक्त पत्र संख्या के तहत यह प्रशासनिक बदलाव प्रभावी हुआ है। अफसरों का तय समय सीमा से पहले एकाएक स्थानांतरण होने के कारण पूरे पमरे प्रशासन के अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच कई तरह की चर्चाएं तेज हो गई हैं।
बिना अवधि पूरी हुए बदलाव से उठे सवाल
रेल महकमे के गलियारों में दोनों अफसरों की अदला-बदली को लेकर सुगबुगाहट का माहौल है। कार्मिकों और यूनियन से जुड़े लोगों के बीच यह मुद्दा बहस का विषय बन गया है कि सामान्य सेवाकाल पूरा होने से पहले यह अचानक निर्णय क्यों लिया गया। बिना किसी पूर्व संकेत के इतनी जल्दी तबादला सूची जारी होने से विभाग के अंदरूनी समीकरणों को लेकर कयास लगाए जा रहे हैं। कोई इसे प्रशासनिक कार्यकुशलता से जोड़कर देख रहा है तो कोई इसे रणनीतिक जमावट मान रहा है। अचानक हुए इस फेरबदल से दोनों ही डिवीजनों के दफ्तरों में दिनभर कार्यशैली और प्रशासनिक प्राथमिकताओं को लेकर बातचीत चलती रही।
नई पदस्थापना पर तत्काल आमद के निर्देश
जारी व्यवस्था के तहत दोनों संबंधित अधिकारियों को अपने नवीन कार्यक्षेत्र में अविलंब उपस्थिति दर्ज कर कार्यभार संभालने को कहा गया है। रिलीज और जॉइनिंग की कागजी प्रक्रिया पूर्ण कर इसकी लिखित सूचना उप मुख्य कार्मिक अधिकारी राजपत्रित के साथ-साथ अकाउंट्स डिपार्टमेंट की तय शाखा को प्रेषित करनी होगी। इसके अलावा ट्रांसफर प्रक्रिया को पारदर्शी बनाए रखने के उद्देश्य से अफसरों को अपने आधिकारिक मेटल टोकन की जानकारी जॉइनिंग रिपोर्ट में दर्ज कर उसे संबंधित विभाग को जमा कराने के निर्देश दिए गए हैं। कमर्शियल ऑपरेशंस और पैसेंजर सुविधाओं के सुचारू संचालन के लिए इस पूरी प्रक्रिया को बेहद तेजी से निपटाने का दबाव बनाया गया है।
