
डिंडौरी। जिले के शहपुरा थाना अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत कछारी के घुसिया गांव में शनिवार दोपहर करीब 1 बजे दिल दहला देने वाली घटना घटी। गांव निवासी 28 वर्षीय बासोरी तेकाम अपने 7 वर्षीय बेटे और रिश्तेदार माया राम परस्ते के साथ गांव स्थित कुएं पर नहाने पहुंचे थे। स्नान करने के बाद घर वापसी के दौरान बासोरी बच्चे को अपने कंधे पर बैठाने के लिए कुएं की मुंडेर का सहारा ले रहे थे, तभी अचानक पैर फिसलने और शारीरिक संतुलन बिगड़ने से दोनों सीधे गहरे पानी में जा गिरे। चीख-पुकार सुनकर रिश्तेदार और आसपास मौजूद ग्रामीण तुरंत हरकत में आए और त्वरित प्रयास कर मासूम बच्चे को जीवित बाहर निकाल लिया, जबकि बासोरी गहरे जल में समा गए और उनकी जान चली गई।
मुंडेर से फिसला पैर और हुआ बड़ा हादसा
नहाने की प्रक्रिया पूरी करके सभी लोग कुएं से बाहर निकल चुके थे। माया राम रास्ते पर थोड़ा आगे बढ़ गए थे, जबकि बासोरी अपने बालक को कंधे पर लादने की कोशिश में मुंडेर पर खड़े हो गए। अचानक हुए इस अप्रत्याशित हादसे में पिता-पुत्र दोनों अनियंत्रित होकर गहरे कुएं के भीतर समा गए। कुएं के भीतर से पानी के छपाक और घबराहट भरी आवाजों को सुनते ही माया राम उल्टे पांव दौड़े और जोर-जोर से गुहार लगाने लगे। आवाज सुनकर नजदीकी खेतों और घरों में मौजूद लोग रस्सियां लेकर दौड़े। सतर्क ग्रामीणों ने सूझबूझ का परिचय देते हुए तत्काल कुएं में उतरकर 7 वर्षीय बालक को बिना किसी गंभीर चोट के सकुशल खींच लिया।
पंप से पानी खाली कर निकाला गया शव
बालक के सुरक्षित निकलते ही ग्रामीणों ने पिता की तलाश आरंभ की, परंतु जलस्तर अधिक होने तथा तलहटी में भारी गाद व गहराई रहने की वजह से सफलता नहीं मिली। घटना की त्वरित सूचना मिलते ही शहपुरा थाना पुलिस का दल बल सहित मौके पर पहुंचा। स्थानीय प्रशासन और ग्रामीणों के साझा समन्वय से कुएं में शक्तिशाली मोटर पंप उतारे गए। लगातार कई घंटों तक पानी की निकासी की गई, जिसके पश्चात देर शाम तलहटी से बासोरी का निष्प्राण शरीर बरामद हुआ। पुलिस ने पंचनामा तैयार कर शव को शहपुरा के शासकीय चिकित्सालय भिजवाया, जहां रविवार सुबह पोस्टमार्टम उपरांत पार्थिव देह परिजनों को सौंप दी गई और मर्ग कायम कर जांच शुरू हुई।
